Assam में Special Revision शुरू, EC ने दी नई voter list तारीख

Assam Special Revision Voter List को लेकर Election Commission ने सोमवार को एक बड़ा फैसला लिया है। जहां देश के कई राज्यों में Special Intensive Revision (SIR) चल रहा है, वहीं Assam को इससे बाहर रखा गया है क्योंकि यहां National Register of Citizens (NRC) की स्थिति अब भी लंबित है। इस बीच EC ने घोषणा की है कि Assam में अब Special Revision होगी, जो एक focused और ज्यादा scrutiny वाला अभियान होगा।
EC का कहना है कि Assam में SIR तब तक नहीं की जाएगी जब तक NRC को लेकर Supreme Court और Centre की तरफ से स्थिति स्पष्ट नहीं होती। 2019 में जारी NRC सूची में लगभग 19.6 लाख लोगों को बाहर कर दिया गया था, लेकिन आज तक final notification नहीं आई है। Assam सरकार ने NRC के वर्तमान रूप को Supreme Court में चुनौती भी दी हुई है।
Chief Election Commissioner Gyanesh Kumar ने पहले ही साफ कर दिया था कि Citizenship Act में Assam के लिए अलग प्रावधान हैं और NRC verification प्रक्रिया Supreme Court की निगरानी में जारी है। इसलिए देशभर में लागू SIR का नियम Assam पर लागू नहीं हो सकता। इसी वजह से यहां एक अलग प्रकार की revision exercise—Special Revision—किया जा रहा है।
इस Special Revision को routine Special Summary Revision (SSR) से अधिक detailed बताया गया है, लेकिन SIR जितना exhaustive नहीं। EC के वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, इसमें अधिक सख़्त verification होगी और घर-घर जाकर voter entries चेक की जाएंगी। Booth Level Officers यानी BLOs voters से enumeration forms नहीं भरवाएंगे, बल्कि वे तीन विशेष statements लेकर जाएंगे।
Statement-1 BLO का pre-filled register होगा जिसमें existing electors की पूरी जानकारी पहले से होगी। BLO घर-घर जाकर इन विवरणों की verification करेगा और आवश्यक correction भी दर्ज करेगा। घर ही पूरी survey का मुख्य unit माना जाएगा।
Statement-2 में BLO un-enrolled eligible citizens का विवरण दर्ज करेगा—यानी वे लोग जो वोटर लिस्ट में होने चाहिए लेकिन अभी मौजूद नहीं हैं। वहीं Statement-3 में prospective electors की जानकारी दर्ज होगी, यानी वे युवा जो अभी 17+ हैं और 2026 के चार quarters में eligible होने वाले हैं।
EC ने साफ निर्देश दिया है कि D Voters यानी doubtful voters की category में किसी भी प्रकार का बदलाव नहीं किया जाएगा। किसी entry को हटाने या संशोधित करने के लिए Foreigners Tribunal या court का आदेश अनिवार्य होगा। इससे Assam में citizenship से जुड़े मुद्दों को लेकर transparency सुनिश्चित करने की कोशिश दिखती है।
Special Revision के लिए qualifying date 1 जनवरी 2026 रखी गई है। EC के schedule के अनुसार door-to-door verification 22 नवंबर से 20 दिसंबर तक चलेगा। Integrated draft electoral roll 27 दिसंबर को जारी होगी और final voter list 10 फरवरी 2026 को प्रकाशित की जाएगी।
इस बीच लोकसभा में Leader of the Opposition राहुल गांधी द्वारा voter list में शून्य house numbers और अस्पष्ट, धुंधली तथा “non-human” फोटो को लेकर जो गंभीर सवाल उठाए गए थे, उनके बाद EC ने विशेष निर्देश जारी किए हैं। अब जिन घरों को नंबर allotted नहीं हैं, उन्हें ‘N1’ जैसा notional house number दिया जाएगा और सभी low-quality फोटो को अपडेट किया जाएगा।
हाल ही में SIR के दूसरे चरण के दौरान देश के कई राज्यों—जैसे UP, Rajasthan, Gujarat, Madhya Pradesh और Tamil Nadu—में बड़े पैमाने पर names हटाए गए थे। Bihar में पहले phase के दौरान लगभग 69 लाख नाम हटाए जा चुके थे। Assam में Special Revision का फैसला इस sensitive state की जनसांख्यिक और राजनीतिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
यह exercise आने वाले Assam Assembly elections से पहले voter rolls को सटीक, updated और विश्वसनीय बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। अब नजर इस बात पर होगी कि BLOs की field verification और NRC-linked scrutiny एक साथ कैसे balance होती है और voter list की credibility को कितना मजबूत बना पाती है।
“Clean और updated voter rolls किसी भी चुनाव की विश्वसनीयता का सबसे मजबूत आधार होती हैं।”